राजनीति और समाज
राजनीति और वर्तमान समाज आज हम बात करते है राजनीति पर जिस तरह से हमारे नेता ईमानदार अफसरों और सैनिकों के बारे में टिप्पणी कर रहे हैं, वह न केवल निंदनीय है, बल्कि भर्त्सना के योग्य है। विडंबना है कि देश को ईमानदार कर्मचारियों, कर्तव्यनिष्ठ अफसरों व देशभक्त सैनिकों की आवश्यकता है, वहीं हमारे ये सफेदपोश नेता भ्रष्टाचार में गले तक डूबे हुए हैं। जबकि हमारे नेता गरीबी के सच्चे-झूठे आंकड़े पेश कर रहे हैं और जातिवाद के नाम पर राजनीति हो रही है। एक गठबंधन सत्ता बचाने में जुटा है, तो दूसरा सत्ता हासिल करने में। लेकिन किसी के पास जनता और देश के हित में कोई नीति नहीं है। धर्म की राजनीति इस समय धर्म की राजनीति को लेकर तमाम सवाल, आरोप-प्रत्यारोप उठ रहे हैं.एक राजनीतिज्ञ को धार्मिक होना ज़रूरी है, धर्म के बिना समर्थ और सार्थक राजनीति नहीं हो सकती.हमारे राजनीतिज्ञ को राजनीति के धर्म का पालन करना होगा ऐसा न हो की धर्म की राजनीति ही की जाये । भारतीय राजनीति के इतिहास में देश की आज़ादी के बाद से अब तक जिस तरह से देश में राजनेताओं ने राजनीति की है, वह सोचनीय है एक...